जुलाई से खुलेंगे कॉलेज, नया सत्र एक अगस्त से शुरू होगा

कोरोना वायरस के चलते देशभर में लागू किए गए लॉकडाउन के बीच ऑल इंडिया काउंसिल ऑफ टे​क्निकल एजुकेशन (All India Council of Technical Education) यानी एआईसीटीई (AICTE) ने अपना एकेडमिक कैलेंडर जारी कर दिया है. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, इसके तहत एआईसीटीई से अप्रूव संस्थानों में एक जुलाई से कक्षाएं शुरू होंगी. वहीं नए छात्रों के लिए सत्र एक अगस्त से शुरू होगा. इस एकेडमिक कैलेंडर के दिशा-निर्देश एआईसीटीई से अप्रूव कॉलेजों के अलावा पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट और पोस्ट ग्रेजुएट सर्टिफिकेट इन मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट पर भी प्रभावी होंगे. बता दें कि हाल ही में यूजीसी ने भी अपना एकेडमिक कैलेंडर जारी किया था.

31 दिसंबर तक दिखाना होगा कंप्लीशन सर्टिफिकेट

एआईसीटीई (AICTE) के दिशा-निर्देशों के अनुसार, ओपन एंड डिस्टेंस माध्यम के जरिये उम्मीदवार 15 अगस्त से प्रवेश पा सकेंगे. इस बारे में कॉलेजों से कहा गया है कि अगर लॉकडाउन के चलते अंडरग्रेजुएट कोर्स का रिजल्ट जारी नहीं हो पाता है तो छात्रों को प्रोविजनल आधारा पर एनरॉल किया जाए. इन मामलों में छात्रों को 31 दिसंबर 2020 तक कंप्लीशन सर्टिफिकेट दिखाना अनिवार्य होगा.

ऑनलाइन पढ़ाई का भी विकल्प

अपना एकेडमिक कैलेंडर जारी करते हुए एआईसीटीई (AICTE) ने ये भी कहा है कि अगर कोरोना वायरस (Coronavirus) से उपजे हालात जुलाई तक भी काबू में नहीं आते हैं तो फिर ऑनलाइन माध्यम से नया सत्र शुरू करने के विकल्प का भी इस्तेमाल किया जा सकता है.

फीस नहीं बढ़ाने की नसीहत

छात्रों को बड़ी राहत देते हुए एआईसीटीई (AICTE) ने अपने संस्थानों से 2020-21 के एकेडमिक ईयर के लिए फीस न बढ़ाने को भी कहा है. इससे पहले, कई पेरेंट्स ने भी फीस न बढ़ाए जाने की अपील की थी, क्योंकि लॉकडाउन (Lockdown) के चलते सभी लोगों पर इसका आर्थिक भार पड़ा है.

जो छात्र परीक्षा नहीं दे पाए…..

ऐसे छात्र जो लॉकडाउन (Lockdown) के चलते अपनी परीक्षा नहीं दे सके हैं, उन्हें एआईसीटीई (AICTE) ने यूजीसी गाइडलाइंस (UGC Guidelines) के मुताबिक प्रमोट करने को कहा है. यूजीसी के अनुसार, लास्ट ईयर और फाइनल सेमेस्टर वाले छात्रों के लिए ही परीक्षा आयोजित की जाएगी, बाकी बचे हुए छात्रों को इंटरनल असेस्मेंट के आधार पर प्रमोट किया जाएगा. हालांकि यूजीसी के दिशा-निर्देशों के मुताबिक, अगर हालात सामान्य हो जाते हैं तो जुलाई में परीक्षा आयोजित की जा सकती है.