नीतीश जी को पता नहीं बिहार के भविष्य मासूम विद्यार्थियों से क्या दिक्कत है?

राजस्थान के कोटा में फंसे बिहार के छात्रों को उनके घर वापस लाने को लेकर सूबे में सियासत तेज होती जा रही है। मुख्य विपक्षी पार्टी राष्ट्रीय जनता दल की ओर से लगातार ये मांग की जा रही है कि कोटा में फंसे छात्रों को बिहार वापस लाया जाए। एक बार फिर से आरजेडी नेता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार सरकार से इस मुद्दे पर सवाल किया है।

छात्रों के मुद्दे पर तेजस्वी ने किया ट्वीट

तेजस्वी यादव ने शनिवार को ट्वीट कर कहा, ’10 राज्यों ने अपने 25 हजार छात्रों को कोटा से वापस बुला लिया है लेकिन नीतीश जी को पता नहीं बिहार के भविष्य मासूम छात्र-छात्राओं से क्या दिक्कत है? क्या सिर्फ नीतीश जी को छोड़ बाकी मुख्यमंत्रियों को अपने प्रदेशवासियों की बेहद फिक्र है, नहीं है अथवा वो ज्यादा विवेकशील हैं?’

‘क्या सीएम नीतीश को नहीं कोटा में फंसे छात्रों की फिक्र’

आरजेडी नेता का कहना है कि हरियाणा, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, यूपी, गुजरात, दादरा एवं नागर हवेली, हिमाचल प्रदेश, उतराखंड और सुदूर आसाम सहित सभी राज्यों ने अपने छात्रों को कोटा से वापस बुला लिया है। लेकिन नीतीश कुमार को पता नहीं बिहार के भविष्य मासूम छात्र-छात्राओं से क्या नफरत है? क्या सिर्फ सीएम नीतीश को छोड़ बाकी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को अपने प्रदेशवासियों की फिक्र नहीं है या वो कम विवेकशील है?

अनुमति दीजिए हम लेकर आएंगे

तेजस्वी यादव ने आगे कहा कि क्या उन प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों को कोरोना की चिंता नहीं है? जब 25 हज़ार छात्र कोटा से वापस अपने घरों को जा सकते हैं तो बिहार के क्यों नहीं? उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से फिर आग्रह किया है कि अभी भी वक्त है छात्रों को वापस बुला लीजिए। अगर आपकी सरकार उन्हें वापस बुलाने में बिल्कुल असमर्थ और असहाय है तो कृपया मुझे अनुमति दीजिए हम लेकर आएंगे।