राजस्थान सरकार ने कोरोना जागरूकता अभियान की वर्चुअल लॉन्चिंग की

कोरोना के खिलाफ जागरुकता के लिए राजस्थान सरकार ने सोमवार से महाअभियान की शुरुआत की है. सीएम अशोक गहलोत ने अभियान की वीसी के जरिये वर्चुअल लॉन्चिंग (Virtual propelling) करते हुए कहा कि कोरोना महामारी खिलाफ लड़ाई में राजस्थान की जनता ने भरपूर सहयोग दिया है. सीएम ने कहा कि कोरोना का खतरा अभी तक टला नहीं है. खुद के स्वास्थ्य का खुद ध्यान रखें. यही सबसे बड़ा बचाव है.

वीसी से जुड़ी 11500 पंचायतें

सोमवार को सुबह राजधानी जयपुर में सीएम आवास से हुई कोरोना जागरुकता अभियान की इस वर्चुअल लॉन्चिंग में 11500 पंचायतें वीसी से जुड़ीं. वीसी में सभी मंत्री, सीएस डीबी गुप्ता, कोर ग्रुप के अफसर, सभी कलक्टर, पंचायत स्तर तक के कर्मचारी और जनप्रतिनिधि जुड़े. सीएम ने इस मौके पर जागरुकता के मास्टर पोस्टर का लोकार्पण किया. यह अभियान 10 दिन तक चलेगा. सीएम ने कोरोना के खिलाफ जागरुकता के लिए मास्क लगाकर सेल्फी भी ली.

सीएम ने कहा कि राजस्थान ने कोरोना से मुकाबले के सबसे पहले कदम उठाए, जिनका कई राज्यों ने अनुसरण किया. राजस्थान के लोगों ने हर आपदा की स्थिति में मनोबल ऊंचा रखा. आज हमने कोरोना टेस्ट की 25 हजार की रोजाना क्षमता विकसित कर ली है. जल्द ही हम 40 हजार टेस्ट रोज कर सकेंगे. हम पड़ौसी राज्यों को रोजाना 5 हजार टेस्ट की सुविधा दे सकते हैं. पड़ौसी राज्यों को जरूरत हो तो हम उनकी कोरोना टेस्ट में मदद कर सकते हैं.

सीएम अशोक गहलोत ने कहा सबने मिलकर काम किया है. राजस्थान में रिकवरी रेट राष्ट्रीय औसत से बहुत अच्छी है. अब तक अन्य बीमारियों से पीड़ितों की ही कोरोना से ज्यादा मौतें हुई हैं. गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों की हम पहचान करवा रहे हैं ताकि उनके बचाव के खास उपाय किए जा सकें. सीएम ने कहा राज्य सरकार ने कोरोना वॉरियर्स को 50 लाख का बीमा कवर दिया है. वह चाहे सरकारी कर्मचारी हो या संविदा कर्मचारी सबको बीमा कवर दिया गया है. कोरोना वॉरियर्स को सम्मानित करने के लिए 25 करोड़ की राशि अलग रख दी है. जैसे ही कोरोना खत्म होगा उन्हें सम्मानित किया जाएगा.